अमेरिकी टैरिफ के चलते उपजे तनाव के बीच पीएम मोदी जापान के बाद चीन की करेंगे यात्रा,(एससीओ) शिखर सम्मेलन में भी लेंगे हिस्सा
नई दिल्ली(इंडियालाइवटीवी247)। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी गुरुवार देर शाम दो दिनों के दौरे पर जापान रवाना हो गए। अमेरिकी टैरिफ के चलते उपजे तनाव के बीच पीएम मोदी जापान के बाद चीन की भी यात्रा करेंगे। जहां वह जिनपिंग, पुतिन सहित कई राष्ट्र प्रमुख से मुलाकात करेंगे। इस यात्रा के क्या क्या मायने हो सकते हैं तथा पीएम मोदी इस यात्रा को लेकर क्या कुछ एजेंडा में लेकर जा रहें है बेहद दिलचस्प होगा।
शंघाई शिखर सम्मेलन में भी लेंगे हिस्सा
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी गुरुवार को जापान और चीन के पांच दिवसीय दौरे रवाना हो गए। पीएम मोदी के दौरे का मुख्य एजेंडा दोनों देशों के द्विपक्षीय संबंधों को और प्रगाढ़ करना है। अमेरिकी टैरिफ विवाद के बीच हो रही पीएम मोदी की यह यात्रा काफी महत्वपूर्ण समझी जा रही है। पीएम मोदी जापान के बाद चीन जाएंगे। जहां वह शंघाई सहयोग संगठन (एससीओ) शिखर सम्मेलन में हिस्सा लेंगे। इस दौरान उनकी मुलाकात कई देशों के प्रमुख से होगी।पीएम ने कहा कि जापान से मैं राष्ट्रपति शी चिनफिंग के निमंत्रण पर तियानजिन में शंघाई सहयोग संगठन (एससीओ) शिखर सम्मेलन में हिस्सा लेने के लिए चीन जाऊंगा। भारत एससीओ का सक्रिय और रचनात्मक सदस्य है। अपनी अध्यक्षता के दौरान हमने नवाचार, स्वास्थ्य और सांस्कृतिक आदान-प्रदान के क्षेत्रों में नए विचार पेश किए हैं और सहयोग की पहल की है।
दो देशों के दौरे पर पहले चरण में जापान पहुंचेंगे पीएम
उन्होंने कहा कि भारत साझा चुनौतियों का समाधान करने और क्षेत्रीय सहयोग को प्रगाढ़ करने के लिए एससीओ सदस्यों के साथ काम करने के लिए प्रतिबद्ध है। मैं शिखर सम्मेलन के दौरान राष्ट्रपति शी चिनफिंग, राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन और अन्य नेताओं से मिलने के लिए भी उत्सुक हूं। मुझे पूरा विश्वास है कि जापान और चीन की ये यात्राएं हमारे राष्ट्रीय हितों और प्राथमिकताओं को और मजबूत करेंगी तथा क्षेत्रीय और वैश्विक शांति, सुरक्षा और सतत विकास को आगे बढ़ाने में सार्थक सहयोग स्थापित करेंगी।पीएम मोदी दो देशों के दौरे के पहले चरण में जापान पहुंचेंगे। यहां वह 15वें भारत-जापान वार्षिक शिखर सम्मेलन शिरकत करेंगे। इस दौरे का उद्देश्य भारत-जापान संबंधों को मजबूत करना और वैश्विक शांति पर चर्चा करना है। जापानी पीएम शिगेरू इशिबा से मुलाकात के साथ ही वह उद्योगपतियों और राजनीतिक नेताओं से बातचीत करेंगे।
